logo
Home Anthology Classics Raghuvir Sahay Rachanawali : Vols.-1-6
product-img product-img
Raghuvir Sahay Rachanawali : Vols.-1-6
Enjoying reading this book?

Raghuvir Sahay Rachanawali : Vols.-1-6

by Raghuvir Sahay
4.4
4.4 out of 5

publisher
Creators
Author Raghuvir Sahay
Publisher Rajkamal Prakashan
Synopsis रघुवीर सहाय की रचनाएँ आधुनिक समय की धड़कनों का जीवंत दस्तावेज हैं । इसीलिए छह खंडों में प्रकाशित उनकी रचनावली में आज का समय संपूर्णता में परिभाषित हुआ है । अपनी अद्वितीय सर्जनशीलता के कारण रघुवीर सहाय ऐसे कालजयी रचनाकारों में हैं जिनकी प्रासंगिकता समय बीतने के साथ बढ़ती ही जाती है । फिर उन्हीं लोगों से शीर्षक रचनावली के इस पहले खंड में रघुवीर सहाय की 1946 से 1990 तक की प्रकाशित-अप्रकाशित संपूर्ण कविताएँ संकलित हैं । इस खंड में शामिल कविता-संग्रहों के नाम हैं : 'सीढ़ियों पर धूप में' (196० ), 'आत्महत्या के विरुद्ध' (1967 ), 'हँसो, हंसो जल्दी हँसी' (1975 ), 'लोग भूल गए हैं (1982 ), 'कुछ पते कुछ चिट्‌ठियाँ' (1989) तथा 'एक समय था' (1995) । इन संग्रहों के अलावा बाद में मिली कुछ नई अप्रकाशित कविताएँ भी इस खंड में हैं । संग्रह के परिशिष्ट में 'यह दुनिया बहुत बड़ी है, जीवन लंबा है', शीर्षक से रघुवीर सहाय की सैकड़ों आरंभिक कविताएँ संकलित हैं । रघुवीर सहाय ने अपने जीवनकाल में ही अपनी आरंभिक कविताओं का संग्रह तैयार किया था, लेकिन अब तक यह अप्रकाशित था । कवि के काव्य-विकास को समझने की दृष्टि से यह सामग्री अत्यंत महत्त्वपूर्ण है । परिशिष्ट में ही रघुवीर सहाय की बरस-दर-बरस जिंदगी का खाका और सैकड़ों वर्षों का उनका वंश-वृक्ष भी दिया गया है । अपने नए कथ्य और शिल्प के कारण रघुवीर सहाय ने हिंदी कविता को नया रूप दिया है । इस खंड की कविताओं में आप उस नए रूप को आसानी से पहचान सकते हैं ।

Enjoying reading this book?
HardBack ₹5100
PaperBack ₹2100
Print Books
About the author
Specifications
  • Language: Hindi
  • Publisher: Rajkamal Prakashan
  • Pages:
  • Binding: HardBack
  • ISBN: 9788171789474
  • Category: Classics
  • Related Category: Classics & Literary
Share this book Twitter Facebook
Related articles
Related articles
Related Videos


Suggested Reads
Suggested Reads
Books from this publisher
Hashiye Ki Zindagi by Nuzhat Hasan
Pahachan Uttar Pradesh by Kumkum Sharma
Ateet Rag by Nand Chaturvedi
Kalidas Ki Lalitya Yojana by Hazariprasad Dwivedi
Smriti Gandh by Veena Sinha
Darshanshastra Ke Srot by D. P. Chattopadhyay
Books from this publisher
Related Books
Dilli Mera Pardes Raghuvir Sahay
Pratinidhi Kavitayen : Raghuvir Sahay Raghuvir Sahay
Pratinidhi Kavitayen : Raghuvir Sahay Raghuvir Sahay
Arthat Raghuvir Sahay
Kuchh Pate Kuchh Chitthiyan Raghuvir Sahay
Hanso Hanso Jaldi Hanso Raghuvir Sahay
Related Books
Bookshelves
Stay Connected